नशा मुक्त भारत अभियान, करियर काउंसलिंग एवं प्रोत्साहन सत्र” – एस.डी.एम. डॉ. नितिन शाक्य (आईएएस) की अगुवाई में हुआ विशेष कार्यक्रम
पश्चिमी दिल्ली DM ऑफिस में नशा मुक्त भारत अभियान अंतर्गत करियर काउंसलिंग व मोटिवेशनल सत्र, छात्रों को ₹20,000 स्किल कार्ड और प्रमाणपत्र मिले
नई दिल्ली, 24 सितम्बर 2025 – पश्चिमी दिल्ली के जिलाधिकारी कार्यालय में आज सुबह नशा मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर छात्रों के लिए करियर काउंसलिंग एवं मोटिवेशनल सत्र भी आयोजित किया गया, जिसकी मेजबानी पटेल नगर एस.डी.एम. डॉ. नितिन शाक्य (आईएएस) ने की।
कार्यक्रम में आमंत्रित विद्यार्थियों को जिलाधिकारी कार्यालय का भ्रमण कराने का भी अवसर मिला, जिससे उन्हें शासन-प्रशासन की कार्यप्रणाली को करीब से समझने का अनुभव प्राप्त हुआ।
इस मौके पर आईएसीटी एजुकेशन प्रा. लि. एवं आधार एसोसिएशन की ओर से प्रत्येक छात्र को ₹20,000 मूल्य का स्किल कार्ड प्रदान किया गया। यह स्किल कार्ड छात्रों को इंडस्ट्री-रेलेवेंट पाठ्यक्रमों तक पहुँच प्रदान करेगा, जिससे वे अपने करियर की मजबूत नींव रख सकें और भविष्य की संभावनाओं को साकार कर सकें। इसके साथ ही सभी प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र भी प्रदान किए गए।
इस अवसर पर अपने संबोधन में डॉ. नितिन शाक्य (आईएएस) ने कहा:
“आज पश्चिमी दिल्ली के जिलाधिकारी कार्यालय में नशा मुक्त भारत अभियान के तहत कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें विद्यालय के बच्चों को करियर काउंसलिंग एवं फिटनेस सत्रों के साथ-साथ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के बारे में भी जानकारी दी गई। हमारा उद्देश्य है कि बच्चे जीवन में सकारात्मक सोच अपनाएँ और तनाव के कारणों से दूर रहें। करियर काउंसलिंग के माध्यम से हमने उन्हें नए युग के पाठ्यक्रमों एवं उनके सकारात्मक पहलुओं के बारे में अवगत कराया, ताकि वे एक उज्ज्वल भविष्य की तैयारी कर सकें।”
इसी क्रम में ट्रिनिटी फाउंडेशन के प्रेसिडेंट एवं डायरेक्टर पब्लिक हेल्थ, डॉ. समीर भाटी ने कहा:
“स्वस्थ जीवन ही सफल जीवन की कुंजी है। आज की युवा पीढ़ी को नशे जैसी बुरी आदतों से दूर रहकर, संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान देना चाहिए। इस तरह की पहल बच्चों में सकारात्मक सोच जगाने और उन्हें स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करती है।”
यह पहल न केवल स्वस्थ जीवनशैली और नशामुक्त समाज का संदेश देती है बल्कि छात्रों को डिजिटल कौशल और सकारात्मक दृष्टिकोणअपनाकर सफल भविष्य की दिशा में प्रेरित करती है।